तुम्हारी वफ़ा से शिक…

तुम्हारी वफ़ा से शिकायत नहीं है
निभाना तो कोई रवायत नहीं है.!

जहां तक कदम आ सके आ गये हैं
अंधेरे हमें आज रास आ गये हैं..!!

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