मन करता है

तुम्हे देखणे का मन करता है|
त्तुम्हारी आखों की गेहराई मे खो जाणे का मन करता है | त्तुम्हारे खायलो मे डूब जाने का मन करता है|
तुम्हे आघोष मे लेणे का मन करता है |
तुम्हे खुद से दूर नही देख सकता आखो की वो नमी चांदणी सी मुस्कुरहात केशवो की घणी छाया

हर वक्त याद तुम्हरी वो खोने का डर यही बातो को सोंच कर हर वक्त तुम्हारे साथ रेहाने का मन करता ||

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