तेजी मे इन्वेस्ट सब …

तेजी मे इन्वेस्ट सब करें,
मंदी में करें न कोय ।
जो मंदी में इनवेस्ट करें,
सदा करें एन्जॉय ॥

इन्वेस्टर धागा मार्किट का,
मत तोड़ो छिटकाय ।
मंदी में जो छूट जाए,
तेजी में हाथ न आय ।।

गिरता बाजार देखकर,
दिया इन्वेस्टर बिचारा रोय ।
कैपिटल गेन – डिविडेंड न सही,
इंटरेस्ट भी मिला ना कोय ॥

बड़ा भया तो का भया ,
जैसे शेयर रिलायंस ।
बरसों से मिला ना कुछ,
डूब गया फाइनेंस ॥

तेजी मंदी दोनों चलें,
तभी मार्किट कहलाय ।
तेजी में बेचे न कोय,
मंदी आये घबराए ॥

आलसी – लालची और ऋणी ,
इस मार्किट में ना आये ।
काबू रहें न खुद पे ,
मार्केट पे दोष लगाय ।।

सुन सुन के मुआ पंडित भया ना कोय ।

सब्र और समझ से काम ले,
वही खिलाडी होय ।।

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